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नयचक्र - Naychakra - Book
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नयचक्र – Naychakra – Book

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पुस्तक विवरण

माइल्ल धवल द्वारा रचित ‘नयचक्र’, जैन दर्शन के एक महत्वपूर्ण सिद्धांत ‘नयवाद’ पर एक मौलिक ग्रंथ है। ‘नयवाद’ किसी वस्तु या विचार को समझने के विभिन्न दृष्टिकोणों (perspectives) का सिद्धांत है। यह अनेकांतवाद का एक व्यावहारिक पक्ष है। ‘नयचक्र’ इन विभिन्न ‘नयों’ की प्रकृति, उनके प्रकार और उनके आपसी संबंधों का एक व्यवस्थित और तार्किक विश्लेषण प्रस्तुत करता है। यह ग्रंथ जैन ज्ञानमीमांसा (epistemology) की गहराई को दर्शाता है और सत्य की सापेक्ष प्रकृति को समझने में मदद करता है। यह दर्शन के उन्नत अध्येताओं के लिए एक महत्वपूर्ण कृति है।

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