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अपराजितेश्वर शतक - Aprajiteshvar Shatak - Book
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अपराजितेश्वर शतक – Aprajiteshvar Shatak – Book

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पुस्तक विवरण

अपराजितेश्वर शतक’ संभवतः ‘अपराजित ईश्वर’ (जिन्हें कोई पराजित नहीं कर सकता, जैसे कि भगवान जिनेन्द्र) की स्तुति में रचे गए सौ श्लोकों (‘शतक’) का एक संग्रह है। रत्नाकर कवि की यह कृति भक्ति-रस और काव्य-कला का एक सुंदर उदाहरण हो सकती है, जिसमें कवि ने अपने आराध्य की महिमा, उनके गुणों और उनके प्रति अपनी भक्ति-भावना को कलात्मक ढंग से व्यक्त किया है।

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