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जैनाचार्य रविषेण कृत पद्मपुराण और तुलसी कृत रामचरितमानस - Jainacharya Ravishena Krita Padmapuran Aur Tulsi Krita Ramcharitamanas - Book
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जैनाचार्य रविषेण कृत पद्मपुराण और तुलसी कृत रामचरितमानस – Jainacharya Ravishena Krita Padmapuran Aur Tulsi Krita Ramcharitamanas – Book

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पुस्तक विवरण

रमाकान्त शुक्ल द्वारा संपादित यह पुस्तक एक तुलनात्मक अध्ययन प्रस्तुत करती है। इसमें 7वीं शताब्दी के जैनाचार्य रविषेण द्वारा रचित ‘पद्मपुराण’ (जैन रामायण) और 16वीं शताब्दी के गोस्वामी तुलसीदास द्वारा रचित ‘रामचरितमानस’ की कथा, पात्रों और दार्शनिक दृष्टिकोणों की तुलना की गई है। दोनों ही ग्रंथ भगवान राम के जीवन पर आधारित हैं, लेकिन उनकी मान्यताओं और प्रस्तुति में महत्वपूर्ण अंतर है। यह कृति दो महान भारतीय धार्मिक और साहित्यिक परंपराओं के बीच संवाद स्थापित करती है और रामायण कथा की विविधता को उजागर करती है।

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