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काव्यानुशासन् - Kavya Anushashan - Book
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काव्यानुशासन् – Kavya Anushashan – Book

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पुस्तक सार

“काव्यानुशासन” आचार्य हेमचन्द्र द्वारा रचित संस्कृत काव्यशास्त्र का एक महत्वपूर्ण और व्यापक ग्रंथ है। इस कृति में हेमचन्द्र ने अपने से पूर्ववर्ती काव्यशास्त्रियों, जैसे मम्मट, आनंदवर्धन और राजशेखर, के मतों का समन्वय करते हुए काव्य के सभी पहलुओं का व्यवस्थित विवेचन किया है। इसमें काव्य के लक्षण, हेतु, प्रयोजन, शब्द-शक्ति, रस, अलंकार, गुण, दोष और ध्वनि सिद्धांत पर विस्तार से प्रकाश डाला गया है। यह ग्रंथ न केवल काव्यशास्त्र बल्कि नाट्यशास्त्र और छंदशास्त्र को भी अपने में समाहित करता है। अपनी व्यापकता और व्यवस्थित प्रस्तुति के कारण यह संस्कृत काव्यशास्त्र के अध्येताओं के लिए एक अनिवार्य संदर्भ ग्रंथ है।

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