इस पुस्तक के विषय
पुस्तक विवरण
महाप्रस्थान’ का अर्थ है ‘महान प्रस्थान’ या अंतिम यात्रा। रवींद्रनाथ टैगोर की यह कृति उनके जीवन के अंतिम वर्षों के चिंतन और अनुभूतियों पर आधारित हो सकती है। यह कविताओं या निबंधों का एक संग्रह हो सकता है, जिसमें जीवन, मृत्यु, आध्यात्मिकता और संसार से विदाई के विषयों पर गहन और दार्शनिक विचार प्रस्तुत किए गए हैं। यह एक महान आत्मा की अंतिम यात्रा के पथ पर उसके आत्म-चिंतन का एक मार्मिक दस्तावेज़ है।
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